सीबीआई ने निजी संस्‍थान के प्रबन्‍ध निदेशक; परीक्षा केन्‍द्र के मालिक; तकनीकी विशेषज्ञों आदि सहित 06 निजी व्‍यक्तियों (Private Persons) को गिरफ्तार किया एवं तलाशी के दौरान 33 लाख रू. (लगभग) बरामद किया

प्रेस विज्ञप्ति
नई दिल्ली, 25.05.2019

सीबीआई ने एक मामले की जारी जॉंच में भीकाजी कामा प्‍लेस, नई दिल्‍ली स्थित निजी शिक्षण सेवा के प्रबन्‍ध निदेशक; अहमदाबाद स्थित शिक्षण संस्‍थान के एक साझीदार; दो साइबर विशेषज्ञ एवं अहमदाबाद स्थित परीक्षा केन्‍द्र के प्रबन्‍धक व मालिक को गिरफ्तार किया।

सभी 06 आरोपियों (निजी व्‍यक्तियों) को दिल्‍ली की नामित अदालत के समक्ष आज पेश किया गया एवं 12 दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया।

मौद्रिक लाभ के लिए अनुचित तरीके से उम्‍मीदवारों को उत्‍तीर्ण करा कर बिट्स पिलानी (बीआईटी एसएटी) में प्रवेश के लिए आयोजित ऑनलाइन परीक्षा में हेर फेर के आरोप पर भारतीय दण्‍ड संहिता की धारा 120-बी के साथ पठित धारा 420 तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66 डी के तहत एक शिकायत पर मामला दर्ज हुआ।

ऐसा आरोप था कि नई दिल्‍ली स्थित निजी शिक्षण संस्‍थान के प्रबन्‍ध निदेशक ने अहमदाबाद स्थित शिक्षण संस्‍थान के साझीदार एवं अहमदाबाद स्थित परीक्षा केन्‍द्र के मालिक (जिसके पास बीआईटी एसएटी के लिए अहमदाबाद एवं वड़ोदरा में परीक्षा केन्‍द्र है) के साथ मिली भगत में बिट्स पिलानी (BITS Pilani) में प्रवेश के लिए इच्‍छु‍क उम्‍मीदवारों के माता-पिता को लुभाया। आरोपियों ने कथित रूप से बिट्स पिलानी की ऑनलाइन परीक्षा में बन्‍दोवस्‍त किया, जिसमें आरोपी व्‍यक्तियों ने विशेषज्ञों की व्‍यवस्‍था की, जो 10 से 12 लाख रू. (लगभग) के बदले में अज्ञात स्‍थान से रिमोट डेस्‍कटॉप तकनीकी का प्रयोग कर उत्‍तर बता देते थे।

ऐसा आगे आरोप था कि अहमदाबाद एवं वड़ोदरा स्थित ऑनलाइन परीक्षा केन्‍द्र अवैध इन्‍टरनेट से जुड़ा एवं संदिग्‍ध साफ्टवेयर का प्रयोग किया गया जिसके माध्‍यम से उम्‍मीदवारों के कम्‍प्‍यूटर स्‍क्रीन तक दूर से पहुँच बनाई गई।

दिल्‍ली, अहमदाबाद, वड़ोदरा तथा मुम्‍बई में तलाशी ली गई जिसमें डिजीटल प्रमाणों एवं 33 लाख रू. (लगभग) का नकद तथा हस्‍ताक्षर किए हुए कई ब्‍लैंक चेकों (Blank Cheques) सहित आपत्तिजनक दस्‍तावेज बरामद हुए।

आगे की जॉंच जारी है।

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